टाकरखेड़ा/धारणी: मेलघाट को झकझोर देने वाली खबर धारणी तहसील से आई है। टाकरखेड़ा गांव में सिपना नदी में डूबने से 6 साल के मासूम की दर्दनाक मौत हो गई। घटना के बाद पूरे गांव में मातम पसरा है।
कब और कैसे: जानकारी के अनुसार मासूम बच्चा गांव की जिला परिषद शाला में पहली कक्षा का छात्र था। रविवार दोपहर खेलते-खेलते वह सिपना नदी किनारे पहुंच गया। पैर फिसलने से वह गहरे पानी में जा गिरा।
बचाने की कोशिश नाकाम: बच्चों का शोर सुनकर ग्रामीण दौड़े और नदी में कूद पड़े। काफी देर तलाश के बाद बच्चे को बाहर निकाला गया, पर तब तक उसकी सांसें थम चुकी थीं। धारणी ग्रामीण अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
गांव में पसरा सन्नाटा: 6 साल के बच्चे की मौत से टाकरखेड़ा में हर आंख नम है। “अभी तो स्कूल जाना शुरू किया था” – कहकर परिजन बेसुध हैं। पहली कक्षा का बस्ता अब हमेशा के लिए सूना हो गया।
प्रशासन हरकत में: धारणी पुलिस ने मौके पर पहुंचकर पंचनामा किया। शव पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया गया। तहसील प्रशासन ने पीड़ित परिवार को शासकीय मदद का आश्वासन दिया है।
⚠️ युवा मेलघाट की चेतावनी: ये हादसा आखिरी हो
मेलघाट में हर साल बारिश और गर्मी में 10-12 बच्चे नदी-नालों में डूबते हैं। पालकों से हाथ जोड़कर अपील:
- 6 से 14 साल के बच्चों पर खास नजर रखें – ये उम्र सबसे ज्यादा खतरनाक है
- सिपना, गड़गा, तापी नदी के घाट खतरनाक हैं – वहां बच्चों को अकेला न भेजें
- स्कूलों में “जल सुरक्षा” का पीरियड शुरू हो – बच्चों को तैरना नहीं आता तो पानी से डरना सिखाओ
- गांव में डुगडुगी पिटवाएं – सरपंच-सचिव नदी किनारे खेलने पर मनाई का ऐलान करें
एक मां की कोख सूनी हो गई। मेलघाट का एक और चिराग बुझ गया। अब नहीं चाहिए ऐसी खबर।
⚠️ सभी पालकों से विनती ⚠️
अपने बच्चों को नदी-नाले से दूर रखें
एक लापरवाही = जिंदगी भर का पछतावा










